: भारत को vaccination drive me ओर सफलता, DRDO की दवा 2-DG की एक महीने में सप्लाई
Mon, May 10, 2021
भारत में तेजी से बढ़ते कोरोना वायरस (Corona virus) के प्रसार के बीच एक अच्छी खबर आई है.(vaccination drive ) वैक्सीनेशन ड्राइव को और मजबूती देने के लिए(DRDO)डिफेंस रिसर्च एंड डिवेलपमेंट ऑर्गनाइजेशन की ओर से डिवेलप की गई दवा एक महीने के अंदर मरीजों के लिए उपलब्ध हो सकती है. इस दवा का नाम 2-DG है. इसे 2-DG की लैब , इंस्टीट्यूट ऑफ न्यूक्लियर मेडिसिन एंड अलाइड साइंसेज (INMAS) ने बनाया है. INMAS के साइंटिस्ट ने mpnews.live को बताया कि इस दवा से कोरोना के अधिकतर लक्षणों को कम करने में मदद मिलेगी और शरीर के अंदर वायरस के गति रुक जाएगी. उन्होंने कहा कि दवा को अगले महीने तक उपलब्ध कराने की कोशिश हो रही है.
मरीजों के लिए दवा जल्द ही उपलब्ध होगी
इस दवा को INMAS ने देश की बड़ी फार्मास्युटिकल कंपनियों में से एक डा . रेड्डीज लैबोरेट्रीज के साथ मिलकर बनाया है.डा . रेड्डीज लैबोरेट्रीज हमारी इंडस्ट्री पार्टनर है. हम दवा का प्रोडक्शन तेज करने की कोशिश कर रहे हैं. कुछ सप्ताह या एक महीने के अंदर मरीजों के लिए दवा उपलब्ध होगी. "
दवा से ऑक्सिजन पर निर्भरता कम
ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (DCGI) ने इस दवा के इमरजेंसी इस्तेमाल के लिए अनुमति दे दी है. डिफेंस मिनिस्ट्री ने कहा है कि क्लिनिकल ट्रायल में दिखा है कि 2-DG दवा से बड़ी संख्या में मरीजों की इलाज के तीसरे दिन ऑक्सिजन पर निर्भरता समाप्त हो गई. इसके साथ ही मरीजों की टेस्ट रिपोर्ट भी जल्द नेगेटिव आई है.
दवा को ग्लूकोज की तरह पानी में मिलाकर दिया जाएगा
इस दवा को ग्लूकोज की तरह पानी में मिलाकर दिया जाएगा. इसे दिन में दो बार सुबह और शाम को मरीज को देना होता है. इस दवा की सफलता से ऑक्सिजन की खपत में कमी हो सकती है. देश के कई राज्यों में ऑक्सिजन की भारी कमी के कारण कोरोना के मरीजों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. ऑक्सिजन की बड़े पैमाने पर काला बाजारी की रिपोर्ट भी मिल रही हैं.
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: MPBOARD:-10 वी की परीक्षा को लेकर बड़ी खबर
Mon, May 10, 2021
भोपाल :- मध्य प्रदेश बोर्ड की तरफ से 10वीं की परीक्षाएं 30 अप्रैल से आयोजित की जानी थीं लेकिन बढ़ते कोरोना वायरस संक्रमण की वजह से इन परीक्षाओं को स्थगित कर दिया गया है |
अब बोर्ड की तरफ से 10वीं के छात्रों की परीक्षाएं नहीं आयोजित की जाएंगी. इन छात्रों को आंतरिक मूल्यांकन के आधार पर पास किया जाएगा. वहीं, बोर्ड की तरफ से अभी 12वीं की परीक्षा को लेकर अंतिम फैसला नहीं लिया गया है|
10वीं बोर्ड के छात्रों का मूल्यांकन किस तरह से किया जाए. इसको लेकर अभी भी असमंजस बना हुआ है. इसी के देखते हुए मंत्री ने स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों को दसवीं परीक्षा के मूल्यांकन के लिए विकल्प तय करने की जिम्मेदारी दी है. वहीं, अधिकारियों का मानना है कि नियमित छात्रों को आंतरिक मूल्यांकन के आधार पर नंबर दे दिए जाएंगे, जबकि निजी छात्रों की परीक्षा करा ली जाए. इस पर हल नहीं निकलने पर सभी छात्रों को जनरल प्रमोशन देने का विकल्प भी खुला हुआ है.
वहीं, बोर्ड की तरफ से 10वीं और 12वीं के छात्रों की प्रैक्टिकल परीक्षाएं भी अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गईं हैं.
नई तारीखों का ऐलान बोर्ड द्वारा जल्द किया जाएगा. इस संबंध में छात्रों को जानकारी ऑफिशियल वेबसाइट पर दी जाएगी.
इधर, बोर्ड अभी 12वीं की परीक्षा ऑनलाइन या फिर ऑफलाइन मोड में आयोजित कराने को लेकर असमंजस में है. यही कारण है कि बोर्ड द्वारा अभी तक परीक्षा का नया शेड्यूल नहीं जारी किया गया है. ये परीक्षाएं जून के पहले सप्ताह में आयोजित की जाएंगी.
: Mpnews-गुजरात इंजेक्शन प्रकरण में जबलपुर सिटी अस्पताल के संचालक मोखा का नाम आया सामने।
Sat, May 8, 2021
Mpnews:-खबर लिखै जाने तक पुलिस इस बात को लेकर तहकीकात कर रही हैं कि जो दबीश दी गई,उसमे जो खुलासा हुआ है, वह सही है तो कार्यवाही कैसे की जाय। बात यह है कि गुजरात पुलिस जिसको हिरासत में ले गई है,उसके परिजन ने चौकाने वाली जानकारी देते हुए बताया कि लाखों रुपये के लेनदेन में सपन को गुजरात से इंजेक्शन लाने कहा गया, जीएसटी नंबर के साथ बिल भी भी देने कहा, साथ ही कहा कि इंजेक्शन जबलपुर सिटी अस्पताल में लाकर देना,वह डिलेवर भी कर दिए गए।जबलपुर सिटी अस्पताल का नाम आते ही पुलिस के पैरों तले जमीन खिसक गई।अब सवाल यह था कि उसके बयान में कितनी सत्यता है, इसके प्रमाण जुटाने पुलिस सक्रिय हो गई है।हर तरह से पुख्ता होने के बाद पुलिस अपनी कार्ययोजना बनायेगी।
अधारताल थाना प्रभारी शैलेश मिश्रा ने बताया कि सपन जैन के चाचा सत्येंद्र जैन ने बताया है कि सिटी अस्पताल से उसके भतीजे को 70 लाख रुपय दवाई के लेना थे मांगने पर मौका ने उससे कहा कि तुम गुजरात से यह इंजेक्शन ले आओ उसके बाद मैं तुम्हें 50 लाख रुपए रिलीज कर दूंगा जिसके लिए उन्होंने बकायदा नकली इंजेक्शन करने वाले डीलर का नंबर भी सपन जैन को दिया था
दो इंजेक्शन भी जब्त किए गए हैं
अधारताल पुलिस ने सत्येंद्र जैन के घर से दो इंजेक्शन भी जप्त किए हैं और जांच में जुटी है कि यह इंजेक्शन ईके कहाँ सेे मिले
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भगवती फार्मा भी शक के घेरे में
इस नकली इंजेक्शन के गोराखधंंदे की परत धीरे धीरे खुलती जा रही है जिसके चलते आज पुलिस ने दवा बाजार स्थित भगवती फार्मा में भी जांच की। वहीं अधारताल स्थित एक दुकान में भी पुलिस ने जांच की।
एएसपी रोहित केसवानी का कहना है कि गुजरात में जो नकली इंजेक्सन पकड़े गए है, उसके तार जबलपुर में भी जुड़े हुए हैं जिसकी जांच जारी हैं।
संचालक सिटी अस्पताल सरबजीत सिंह मोखा का बयान है कि जो भी बयान आ रहे हैं वह गलत है हमने आज तक उससे कोई भी रेमदेसीविर इंजेक्शन नहीं लिए हैं वह एक दवा व्यापारी है अस्पताल में रेगुलर दवा की सप्लाई करता है जिसका भुगतान भी निर्धारित समय पर होता रहता है हमें जो भी रेमदेसीविर इंजेक्शन मिलते हैं वह शासन से या जिस कंपनी में हमारा अकाउंट है उससे मिलते हैं।